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रायपुर/महासमुंद@भारत-माला प्रोजेक्ट घोटाला…9 ठिकानों पर ईडी रेड

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  • रायपुर में हरमीत खनूजा,हरमीत चावला,महासमुंद में जसबीर के घर छापा
  • 10 सदस्यीय टीम खंगाल रही दस्तावेज


रायपुर/महासमुंद,29 दिसम्बर 2025। भारत मामला प्रोजेक्ट घोटाला केस में ईडी ने छत्तीसगढ़ के 9 ठिकानों पर रेड की है। रायपुर में हरमीत सिंह खनूजा और महासमुंद में मेघ बसंत इलाके में स्थित व्यवसायी जसबीर सिंह बग्गा के निवास पर छापेमारी की है। हरमीत खनूजा के ससुर हरमीत चावला और एक करीबी के घर पर कार्रवाई जारी है।जानकारी के मुताबिक सीआरपीएफ जवानों के साथ ईडी की 10 सदस्यीय टीम 4 गाडि़यों में सुबह पहुंची। टीम हरमीत खनूजा की तहसीलदार पत्नी रविंदर कौर (रूबी) के पिता ट्रांसपोर्टर हरमीत सिंह चावला के पंजाबीपारा स्थित घर में जांच कर रही है। हरमीत सिंह चावला हरमीत खनूजा के ससुर हैं। इसके साथ ही आर्यन होंडा एजेंसी के संचालक जसबीर बग्गा के मेघ बसंत कॉलोनी स्थित निवास पर गई है। आरोपियों के घरों में ईडी डिजिटल सबूत और दस्तावेजों की जांच कर रही है। घोटाले से जुड़े लोगों से पूछताछ कर रही है। ईडी के मुताबिक भारत माला परियोजना के तहत रायपुर-विशाखापट्टनम आर्थिक कॉरिडोर के लिए भूमि अधिग्रहण में मुआवजा भुगतान को लेकर गड़बड़ी हुई है। फिलहाल आरोपियों के ठिकानों के बाहर सुरक्षा बल तैनात हैं। किसी भी व्यक्ति को घर के भीतर प्रवेश की अनुमति नहीं है।
क्या है पूरा मामला : दरअसल, भारत माला परियोजना के तहत रायपुर-विशाखापट्टनम आर्थिक कॉरिडोर भुगतान घोटाले में हरमीत सिंह खनूजा मुख्य आरोपी और जमीन दलाल है। हरमीत खनूजा ने अपनी पहली पत्नी को तलाक देकर हरमीत सिंह चावला की बेटी तहसीलदार रविंदर कौर से शादी की थी। ईडी की छानबीन में आरोपी के ससुर हरमीत सिंह चावला के पास घोटाले से जुड़े पैसों के लेनदेन और महत्वपूर्ण जानकारी मिली है। दोनों कारोबारियों के घरों से अब तक क्या मिला है, इसकी आधिकारिक पुष्टि नहीं हो पाई है। ईडी की टीमें अभी भी डिजिटल साक्ष्य और अन्य दस्तावेजों की जांच कर रही है।
कौन हैं हरमीत सिंह खनूजा : हरमीत सिंह खनूजा छत्तीसगढ़ के रायपुर-विशाखापट्टनम आर्थिक कॉरिडोर से जुड़े भूमि क्षतिपूर्ति भुगतान घोटाले में नामजद एक भूमि दलाल/ एजेंट हैं। आरोप है कि उन्होंने भूमि अधिग्रहण के मुआवजे को फर्जी तरीके से हासिल करने/बंटवाने में मदद की, जिससे सरकार को करोड़ों रुपए का नुकसान हुआ। उन्होंने कागजों में फर्जी दस्तावेज, नकली बंटवारे और म्यूटेशन (बदलाव) कर के मुआवजा प्राप्त किया और पैसा अलग खातों में ट्रांसफर किया।
जांच के दायरे में सरकारी अधिकारी भी…
ईडी के मुताबिक भूमि अधिग्रहण के दौरान मुआवजा राशि के निर्धारण और भुगतान में गड़बडि़यों में कई लोगों के नाम शामिल हैं। जांच के दायरे में कुछ निजी व्यक्तियों, उनके सहयोगियों, सरकारी अधिकारियों और जमीन मालिकों के ठिकाने शामिल किए गए हैं। ईडी की कार्रवाई हरमीत सिंह खनूजा,सहयोगी,कुछ सरकारी अधिकारी और भूमि अधिग्रहण से जुड़े जमीन मालिक शामिल हैं। बताया जा रहा है कि मुआवजा वितरण में नियमों के उल्लंघन और संदिग्ध लेन-देन को लेकर जांच आगे बढ़ाई जा रही है।


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