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अम्बिकापुर@अंबिकापुर में रसोई गैस संकट जारी सिलेंडर के लिए भटक रहे लोग

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एजेंसियों के बाहर लग रही लंबी कतारें,ब्लैक में 1800 से 2000 रुपए तक बिक रहा गैस सिलेंडर


-संवाददाता-
अम्बिकापुर,16 मार्च 2026 (घटती-घटना)। शहर में रसोई गैस को लेकर बनी परेशानी कम होने का नाम नहीं ले रही है। जिला प्रशासन भले ही गैस की कमी की खबरों को अफवाह बता रहा हो,लेकिन हकीकत यह है कि आम लोगों को समय पर गैस सिलेंडर नहीं मिल पा रहा है। शहर के कई इलाकों में लोग गैस के लिए भटकने को मजबूर हैं और गैस एजेंसियों के बाहर लंबी कतारें देखी जा रही हैं। स्थानीय लोगों का कहना है कि पिछले कुछ दिनों से गैस की उपलब्धता काफी कम हो गई है। कई उपभोक्ताओं ने समय पर बुकिंग कराने के बावजूद सिलेंडर नहीं मिलने की शिकायत की है। इससे घरों की रसोई व्यवस्था प्रभावित हो रही है। लोग सुबह से ही गैस एजेंसियों और वितरण केंद्रों के चक्कर लगा रहे हैं, लेकिन कई बार उन्हें निराश होकर लौटना पड़ रहा है। गैस की कमी का फायदा उठाकर कुछ लोग कालाबाजारी भी कर रहे हैं। स्थानीय लोगों के अनुसार जहां सामान्य स्थिति में सिलेंडर तय कीमत पर मिलना चाहिए, वहीं इन दिनों ब्लैक में एक सिलेंडर 1800 से 2000 रुपए तक में बेचा जा रहा है। मजबूरी में कई लोग महंगे दामों पर गैस खरीदने को विवश हैं।
छात्र सबसे ज्यादा प्रभावित
इस संकट का सबसे ज्यादा असर किराये के कमरों में रहकर पढ़ाई करने वाले छात्रों पर पड़ रहा है। शहर में बड़ी संख्या में छात्र छोटे सिलेंडर या मिनी गैस के सहारे खाना बनाते हैं। लेकिन गैस उपलब्ध नहीं होने से उन्हें होटल या ढाबों में खाना खाने के लिए मजबूर होना पड़ रहा है, जिससे उनका खर्च भी बढ़ गया है। कई छात्र परेशानी से तंग आकर फिलहाल अपने घर लौट गए हैं।
व्यवस्था सुधारने की मांग
स्थानीय लोगों ने प्रशासन से मामले की गंभीरता से जांच कर गैस वितरण व्यवस्था सुधारने की मांग की है। साथ ही कालाबाजारी करने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई करने की भी मांग उठाई है, ताकि लोगों को समय पर और उचित कीमत पर गैस उपलब्ध हो सके।
छोटे सिलेंडर की गैस भी महंगी
छोटे सिलेंडरों में गैस भरवाने की व्यवस्था भी प्रभावित हुई है। पहले गैस ब्लॉक में करीब 100 रुपए प्रति किलो के हिसाब से गैस मिल जाती थी, लेकिन अब इसकी कीमत बढकर लगभग 250 रुपए प्रति किलो तक पहुंच गई है। इससे आम लोगों की जेब पर अतिरिक्त बोझ पड़ रहा है।


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