हेल्थ डेस्क 15 जुलाई 2022I हेल्थ एक्सपर्ट्स के मुताबिक, प्रारंभिक लक्षण और संकेतों का समय पर पता चल जाने से कैंसर को फैलने से रोका जा सकता है। कई तरह के कैंसर में ऐसे लक्षण दिखाई देते हैं जो जीवनशैली से जुड़ी कई आम समस्याओं से मिलते जुलते हैं। कैंसर एक बेहद घातक बीमारी है। आजकल की बदलती जीवनशैली और खानपान की गलत आदतों के कारण बड़ी संख्या में लोग इस बीमारी की चपेट में आ रहे हैं। सिर्फ बड़े बुजुर्गों को ही नहीं, बच्चों को भी कैंसर होता है। वर्ल्ड हेल्थ ऑर्गेनाइजेशन के मुताबिक, कैंसर दुनियाभर में मृत्यु का दूसरा प्रमुख कारण है। कैंसर शरीर के किसी भी हिस्से में हो सकता है। इनमें से कुछ का इलाज संभव है और कुछ का नहीं। हेल्थ एक्सपर्ट्स के मुताबिक, प्रारंभिक लक्षण और संकेतों का समय पर पता चल जाने से कैंसर को फैलने से रोका जा सकता है। कई तरह के कैंसर में ऐसे लक्षण दिखाई देते हैं जो जीवनशैली से जुड़ी कई आम समस्याओं से मिलते जुलते हैं। अक्सर लोग इन लक्षणों को नजरंदाज कड़े की भूल कर देते हैं। आज के इस लेख में हम आपको कैंसर के 5 सामान्य लक्षणों के बारे में बताएंगे –
लगातार वजन कम होना
अमेरिकन कैंसर सोसायटी के मुताबिक कैंसर फैलने के दौरान जब मेटास्टेस बढ़ता है तो कैंसर सेल्स अपने मेटाबॉलिज्म के लिए सामान्य सेल्स की तुलना में ज्यादा एनर्जी की मांग करती हैं। ऐसे में अधिक कैलोरी बर्न हो सकती है और वजन कम हो सकता है। इसके अलावा कैंसर फैलने से मितली और भूख कम होने की समस्या हो सकती है, जिससे वजन घट सकता है।
खांसी
कई बीमारियों में खांसी की समस्या हो सकती है। ब्रोंकाइटिस अस्थमा, कोविड और फेफड़ों के कैंसर से खांसी पैदा हो सकती है। 4 हफ्ते से अधिक समय तक खांसी बनी रहे और इसके साथ ही बुखार या वजन कम होने जैसे लक्षण दिखे तो यह कैंसर का संकेत हो सकता है।
मल में खून आना
बवासीर की समस्या के अलावा इसी अन्य स्थिति में मल में खून नहीं आता है। अगर आपको बवासीर नहीं है और फिर भी मल में खून आ रहा हो तो यह रेक्टल या कोलन कैंसर होने का संकेत हो सकता है। इसके अलावा इंटेस्टाइन में कैंसर होने पर भी ऐसा हो सकता है।
डिप्रेशन
कई स्टडीज में यह पता चला है कि कैंसर के निदान के बाद बहुत से लोग डिप्रेशन जैसे गंभीर मानसिक स्थिति का अनुभव करते हैं। लेकिन कई दुर्लभ मामलों में चिंता या डिप्रेशन मस्तिष्क में ट्यूमर का लक्षण हो सकता है।
ब्लीडिंग होना
महिलाओं में माहवारी के दौरान रक्त स्त्राव होना सामान्य है। लेकिन मेनोपॉज या पीरियड बंद होने के बाद ही योनि से रक्त स्त्राव गर्भाशय के कैंसर का संकेत हो सकता है। ऐसी स्थिति में तुरंत डॉक्टर की सलाह लेनी चाहिए।
डिस्क्लेमर: इस लेख के सुझाव सामान्य जानकारी के लिए हैं। इन सुझावों और जानकारी को किसी डॉक्टर या मेडिकल प्रोफेशनल की सलाह के तौर पर न लें। किसी भी बीमारी के लक्षणों की स्थिति में डॉक्टर की सलाह जरूर लें।
घटती-घटना – Ghatati-Ghatna – Online Hindi News Ambikapur घटती-घटना – Ghatati-Ghatna – Online Hindi News Ambikapur