नई दिल्ली/रायपुर ,27 सितंबर 2021 (ए )। छत्तीसगढ़ के निलंबित एडीजी गुरजिंदर पाल सिंह से जुड़े मामले में सोमवार को सुप्रीम कोर्ट ने अहम टिप्पणी की है। चीफ जस्टिस एन.वी.रमण ने कहा कि आप हर मामले में सुरक्षा नहीं ले सकते हैं, क्योंकि आप सरकार के करीबी हैं तो आपने पैसा वसूलना शुरू कर दिया,ऐसे में आपको भुगतान मय ब्याज करना होगा।
दरअसल, सोमवार को निलंबित एडीजी गुरजिंदर पाल सिंह के मामले में सुनवाई थी। जिसमे सुप्रीम कोर्ट ने थोड़ी राहत जीपी सिंह को जरूर दी है। जिसमे सुप्रीम कोर्ट ने छत्तीसगढ़ में दर्ज तीसरी एफ आईआर पर भी जीपी सिंह को गिरफ्तारी पर अंतरिम संरक्षण दे दिया यानी चार हफ्ते तक राजद्रोह और आय से अधिक संपत्ति के मामले में उनकी गिरफ्तार पर रोक लगाई है। साथ ही कोर्ट ने छत्तीसगढ़ सरकार को नोटिस जारी कर 1 अक्तूबर को सारे मामले की सुनवाई की तारीख तय की है।
जीपी सिंह के वकील विकास सिंह ने कोर्ट से कहा कि इस प्रकार के अधिकारियों को सुरक्षा की आवश्यकता है। पिछली सुनवाई में पुलिस अफसरों के सत्ताधारी दलों के साथ गठजोड़ पर सुप्रीम कोर्ट ने चिंता जताई थी। सीजेआई ने कहा था कि देश में ये परेशान करने वाला ट्रेंड है। कोर्ट ने कहा था- ‘पुलिस अफसर सत्ता में मौजूद राजनीतिक पार्टी का फेवर लेते हैं और उनके विरोधियों के खिलाफ कार्यवाही करते हैं। बाद में विरोधी सत्ता में आते हैं तो पुलिस अफसरों पर कार्यवाही करते हैं। इस हालात के लिए पुलिस विभाग को ही जिम्मेदार ठहराना चाहिए। उनको कानून के शासन पर टिके रहना चाहिए. इसे रोकने की जरूरत है।’
निलंबित आईपीएस को रहत देते हुए उन पर तल्ख टिप्पणी भी की है। वकील के बयान पर सीजेआईएन.वी.रमण ने कहा किअगर आप सरकार के करीबी होकर ऐसा करते रहते हैं, तो आपको भुगतान ब्याज के साथ भुगतान करना होगा। उन्होंने कहा कि हम ऐसे अधिकारियों को सुरक्षा क्यों दें, देश में नया ट्रेंड चला है लेकिन उन्हें जेल जाना होगा।
घटती-घटना – Ghatati-Ghatna – Online Hindi News Ambikapur घटती-घटना – Ghatati-Ghatna – Online Hindi News Ambikapur