Breaking News

झुंझुनूं@ राजस्थान में करंट लगने से 8 मजदूरों की मौत

Share


झुंझुनूं में सड़क बनाते समय मशीन हाईटेंशन लाइन की चपेट में आई
झुंझुनूं,02 नवम्बर २0२6।
राजस्थान के झुंझुनूं जिले के छापोली गांव में सोमवार सुबह सड़क बना रहे 8 मजदूरों की करंट लगने से मौत हो गई। 5 अन्य मजदूर झुलस गए। हादसा सुबह करीब 10 बजे हुआ। उदयपुरवाटी के एसएचओ रामपाल ने बताया-सड़क पर काम कर रही रोड़ी-बजरी मिक्सर मशीन का हाइड्रोलिक जैक ऊपर से गुजर रही हाईटेंशन लाइन के तार से छू गया। इससे मशीन में करंट फैल गया और वहां काम कर रहे मजदूर इसकी चपेट में आ गए। मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने हादसे में श्रमिकों की असामयिक मृत्यु पर दुख जताया। उन्होंने सोशल मीडिया मंच ‘एक्स’पर कहा कि संबंधित अधिकारियों को घायलों के समुचित उपचार,प्रभावित परिवारों को तत्काल हरसंभव सहायता उपलब्ध कराने और घटना की जांच के निर्देश दिए गए हैं। मुख्यमंत्री ने दिवंगत आत्माओं की शांति,घायलों के शीघ्र स्वस्थ होने और शोकाकुल परिवारों को दुख सहन करने की शक्ति देने की प्रार्थना भी की।
15-15 लाख मुआवजा और संविदा पर नौकरी देने पर सहमति
मंत्री झाबर सिंह खर्रा ने कहा…मृतकों के आश्रितों को अलग-अलग योजनाओं में 15 लाख मुआवजा और एक-एक सदस्य को संविदा पर नौकरी देने पर सहमति बनी है। विकास अधिकारी और तहसीलदार को राजस्थान और केंद्र सरकार की योजनाओं में लाभ देने के लिए कहा है। वन विभाग की जमीन पर बन रहे इस रास्ते को लेकर झुंझुनूं के डीएफओ को निर्देश दिए है कि संबंधित जनप्रतिनिधि से संपर्क कर रास्ते के डायवर्जन के प्रस्ताव को पोर्टल पर अपलोड करें। बातचीत के बाद परिजन शव लेने को तैयार हो गए और धरना खत्म कर दिया।
पहले रास्ते से दूर थी 11केवी लाइन,कुछ दिन पहले ही बदली : हादसे के बाद ग्रामीण धरने पर बैठे हैं। ग्रामीण रोहिताश्व ने बताया…11केवी की लाइन पहले रास्ते से दूर थी, लेकिन कुछ दिन पहले इस लाइन को बदलकर रास्ते के ऊपर से लिया गया था। तार नीचे होने के कारण ये बड़ा हादसा हो गया।
मृतक हालेड़ा मंडावरा और छापोली के रहने वाले : हादसे में हालेड़ा मंडावरा निवासी हरिराम गुर्जर (30), मंगलचंद गुर्जर (22), कालूराम गुर्जर (29) और पवन गुर्जर (23), छापोली निवासी विष्णु सैनी (38), सुरेंद्र उर्फ सुरेश सैनी (30), मुकेश सैनी (27) और फतेहचंद सैनी (32) की मौत हो गई।
आरसीसी डालने का काम करता था ठेकेदार विष्णु
ग्रामीणों ने बताया- जन सहयोग से सड़क बनाई जा रही थी। करीब तीन-चार महीने से काम चल रहा था, जो बीच बीच में रुक जाता था। गांव का ठेकेदार विष्णु सैनी आरसीसी डालने का काम करता था। ग्रामीणों के कहने पर उसने सोमवार को काम फिर से शुरू किया था।
ग्रामीण बोले- सरकार इस गांव के लिए मर चुकी है
ग्रामीण अविनाश ने बताया- इस काम को बार-बार रोका गया। सरकार इस गांव के लिए मर चुकी है, चाहे कोई भी काम हो। इस काम के लिए गांव वालों ने पैसा इकट्ठा किया था। इसके बाद भी सरकारी अधिकारियों और नेताओं ने 2 बार काम बंद करवाया था। हाथा-जोड़ी कर फिर से काम शुरू करवाया था।
मंत्री ने सीएम से बात की, मरने वालों में ठेकेदार भी शामिल
यूडीएच मंत्री झाबरसिंह खर्रा मौके पर पहुंचे। लोगों से घटना की जानकारी ली। गांव में मोबाइल नेटवर्क नहीं आने पर सीएम भजनलाल शर्मा से बात करने के लिए मंत्री खर्रा और पूर्व विधायक शुभकरण चौधरी स्टेट हाईवे पर आए। मंत्री ने मुख्यमंत्री को बताया कि ग्रामीण खुद के पैसे से काम करवा रहे थे। बहुत दुर्भाग्यपूर्ण हादसा हुआ है। हादसे में ठेकेदार विष्णु की भी मौत हो गई है।
मृतक हालेड़ा मंडावरा और छापोली के रहने वाले
हादसे में हालेड़ा मंडावरा निवासी हरिराम गुर्जर (30), मंगलचंद गुर्जर (22), कालूराम गुर्जर (29) और पवन गुर्जर (23), छापोली निवासी विष्णु सैनी (38), सुरेंद्र उर्फ सुरेश सैनी (30), मुकेश सैनी (27) और फतेहचंद सैनी (32) की मौत हो गई।
मृतकों के परिजनों को संविदा पर नौकरी, 2-2 करोड़ मुआवजे की मांग
छापोली के प्रमोद सैनी ने कहा- मृतकों के आश्रितों को संविदा पर नौकरी और 2-2 करोड़ रुपए मुआवजा दिया जाए। इसके बाद गांव की कमेटी जो तय करेगी, उसके अनुसार मुआवजा दिया जाए।
घायल बोला- मशीन को धक्का देकर दूसरी जगह ले जा रहे थे
घायल गिदाराम सैनी ने कहा- छापोली में हम काम कर रहे थे। हम सभी मशीन को धक्का देकर दूसरी जगह लगा रहे थे, इसी दौरान वह तार के टच हो गई और करंट लग गया। मौके पर 12-13 लोग थे।
गहलोत ने हादसे पर जताया दुःख
पूर्व मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने भी हादसे पर दुख व्यक्त किया। उन्होंने ‘एक्स’ पर लिखा कि उदयपुरवाटी के छापोली गांव में मजदूरों की करंट लगने से हुई मौत बेहद दुखद है। उन्होंने कहा कि पूरे प्रकरण की जांच आवश्यक है, ताकि यह पता चल सके कि सड़क निर्माण के दौरान हादसा कैसे हुआ और इन मौतों के लिए कौन जिम्मेदार है। गहलोत ने राज्य सरकार से मृतकों के परिजनों को उचित मुआवजा और हरसंभव सहायता उपलब्ध कराने की मांग की।
उन्होंने हादसे में जान गंवाने वाले मजदूरों के परिवारों के प्रति संवेदना व्यक्त करते हुए दिवंगत आत्माओं की शांति की प्रार्थना की।
प्रधानमंत्री ने झुंझुनूं हादसे पर जताया शोक,मृतकों के परिजनों को दो-दो लाख की सहायता


प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने राजस्थान के झुंझुनूं जिले में सड़क निर्माण कार्य के दौरान करंट लगने से आठ श्रमिकों की मौत पर गहरा दुख व्यक्त किया है। उन्होंने हादसे में घायल लोगों के शीघ्र स्वस्थ होने की कामना करते हुए मृतकों के परिजनों और घायलों के लिए आर्थिक सहायता की घोषणा की है। प्रधानमंत्री कार्यालय ने सोमवार को सोशल मीडिया मंच एक्स पर प्रधानमंत्री के हवाले से कहा कि झुंझुनूं में हुए हादसे में लोगों की मौत से वह बेहद दुःखी हैं। उनकी संवेदनाएं शोक संतप्त परिवारों के साथ हैं। उन्होंने घायलों के जल्द स्वस्थ होने की कामना भी की। प्रधानमंत्री ने प्रधानमंत्री राष्ट्रीय राहत कोष (पीएमएनआरएफ) से हादसे में जान गंवाने वाले प्रत्येक व्यक्ति के निकटतम परिजन को दो लाख रुपये की अनुग्रह राशि देने की घोषणा की है। हादसे में घायल प्रत्येक व्यक्ति को 50 हजार रुपये की सहायता दी जाएगी। उल्लेखनीय है कि झुंझुनूं जिले के छापोली गांव में सड़क निर्माण कार्य के दौरान बजरी मिलाने वाली मशीन के 11 हजार वोल्ट की उच्च क्षमता वाली बिजली लाइन के संपर्क में आने से यह हादसा हुआ। इसमें आठ श्रमिकों की मौत हो गई,जबकि कई अन्य घायल हो गए। हादसा छापोली और कदमकुंड को जोड़ने वाली सामुदायिक सहभागिता से बनाई जा रही सड़क के निर्माण के दौरान हुआ।
सभी मृतक स्थानीय निवासी बताए गए हैं।


Share

Check Also

अमृतसर@ आम आदमी पार्टी छोड़ने वाले तीनों विधायक बीजेपी में शामिल

Share बोले-पंजाब में फिरौती इंडस्ट्री बनी,गैंगस्टर सरकार में,तीनों ने पिछले दो दिन में इस्तीफा दियाअमृतसर,02 …

Leave a Reply