मनेन्द्रगढ़@पूर्व प्रधानमंत्री स्वर्गीय अटल बिहारी वाजपेई का 97 जन्म दिवस पंडित दीनदयाल उपाध्याय सेवा समिति ने मनाया

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मनेन्द्रगढ़ 27 दिसम्बर 2021 (घटती-घटना)। पंडित दीनदयाल उपाध्याय सेवा समिति मनेन्द्रगढ़ द्वारा भारत रत्न पूर्व प्रधानमंत्री स्वर्गीय अटल बिहारी बाजपेयी जी के 97 वे जन्म दिवस के अवसर पर श्रीराम मंदिर प्रांगण में चित्रकला प्रतियोगिता व उनके जीवनकाल को लेकर परिचर्चा कार्यक्रम आयोजन किया गया। चित्रकला प्रतियोगिता में स्कूली छात्र-छात्राओं ने बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया जिसमें सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन करने वाले प्रतिभागियों को प्रशस्ति पत्र, मेडल एवं नगद पुरस्कार से समिति द्वारा सम्मानित किया गया।प्रतियोगिता में यमुना प्रसाद शास्त्री स्कूल के 11वीं कक्षा के छात्र फरहान रजा को प्रथम स्थान प्राप्त हुआ,वही सरस्वती विकास विद्यालय मनेन्द्रगढ़ के छात्र कान्हा साहू को द्वितीय एवं यूनिवर्सल पब्लिक स्कूल मनेन्द्रगढ़ की छात्रा कोमल प्रसाद को तृतीय स्थान मिला साथ ही शासकीय कन्या उत्तर माध्यमिक स्कूल की छात्रा को विशेष पुरस्कार से नवाजा गया ,इसके अलावा सभी अन्य प्रतिभागियों को सांत्वना पुरुस्कार से सम्मानित किया गया। वही कार्यक्रम के दूसरे चरण में पंडित अटल बिहारी बाजपेयी जी के जीवन काल पर परिचर्चा के दौरान कार्यक्रम के अतिथि रामेश्वर पांडे ने कहा कि पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेई के कारण विरोधी दल के लोग भी उनके कायल थे,उन्होंने स्व अटल बिहारी वाजपेयी को भारत देश का सबसे लोकप्रिय नेता बताया।उन्होंने कहा कि विपरीत परिस्थिति में भी वे अपना संयम नही खोते थे। अधिवक्ता श्याम बिहारी रैकवार ने कहा कि अटल बिहारी वाजपेई देश के पहले प्रधानमंत्री हैं जिन्हें देश एक निर्विवाद श्रेष्ठ व्यक्ति मानता है,वे अपने प्रधानमंत्री कार्यकाल के दौरान देश हित में कई कार्य किए वही प्रधानमंत्री सड़क योजना के माध्यम से हर गांव को सड़क से जोड़ने की योजना काफी लोकप्रिय हुई। कार्यक्रम का संचालन करते हुए समिति के अध्यक्ष अधिवक्ता आशीष सिंह ने कहा कि अटल बिहारी वाजपेयी जी के राजनीतिक शालीनता का ही असर है कि विरोधी खेमा भी उनकी राजनीतिक नेतृत्व क्षमता और उनके अडिग एवं अटल फैसले पर उनके पक्ष में सम्मान के साथ खड़ा नजर आता है और भारतवर्ष के प्रत्येक व्यक्ति के दिल में उनके लिए ढेर सारा प्यार और सम्मान है,उन्होंने अपना पूरा जीवन देश की सेवा में समर्पित कर दिया था। इस अवसर पर चित्रकला प्रतियोगिता के निर्णायक जगदीश पाठक, श्रीमती अनामिका चक्रवर्ती व श्रीमती सुषमा श्रीवास्तव ने भी अपने अपने स्वरचित कविताओं का पाठ किया।कार्यक्रम में प्रमुख रूप से मुकेश जायसवाल, संजय पोद्दार,अजीमुद्दीन अंसारी,तपन मुखर्जी,जमील शाह,हरित शर्मा,नरेन्द्र सिंह रैना,सराफत अली,राम मनोहर शाह,कुंज बिहारी सोनी,ज़लील शाह,सूरज चंदेल, बलबीर कौर,उर्मिला जायसवाल, फरून निशा,संजय राय,इरशाद,अंसारी,गजेंद्र शाह, दिनेश गुप्ता,संजीव जैन सहित सैकड़ों की संख्या में लोग उपस्थित थे।


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