…डॉ. प्रसन्न मोहन त्रिपाठी की नियुक्ति,अब हड्डी एवं जोड़ संबंधी मरीजों को स्थानीय स्तर पर मिलेगी विशेषज्ञ चिकित्सा सुविधा
-संवाददाता-
सूरजपुर,01 सितम्बर 2026 (घटती-घटना)। जिला अस्पताल सूरजपुर में स्वास्थ्य सुविधाओं के विस्तार की दिशा में महत्वपूर्ण कदम उठाया गया है। राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन छत्तीसगढ़ के अंतर्गत अस्थि रोग विशेषज्ञ के पद पर डॉ. प्रसन्न मोहन त्रिपाठी की नियुक्ति की गई है, उनकी पदस्थापना जिला अस्पताल सूरजपुर में की गई है,विशेषज्ञ चिकित्सक की उपलब्धता से अब हड्डी,जोड़ और मांसपेशियों से संबंधित समस्याओं से जूझ रहे मरीजों को उपचार के लिए दूसरे बड़े शहरों या निजी अस्पतालों की ओर जाने की आवश्यकता कम होगी। जिला अस्पताल में विशेषज्ञ चिकित्सक की नियुक्ति को क्षेत्र के मरीजों के लिए महत्वपूर्ण सुविधा के रूप में देखा जा रहा है,सूरजपुर सहित आसपास के ग्रामीण क्षेत्रों से बड़ी संख्या में मरीज उपचार के लिए जिला अस्पताल पहुंचते हैं,इनमें दुर्घटनाओं में घायल मरीजों के साथ-साथ हड्डी और जोड़ से संबंधित पुरानी बीमारियों से परेशान मरीज भी शामिल रहते हैं।
लंबे समय से महसूस की जा रही थी विशेषज्ञ की जरूरत-जिला अस्पताल में अस्थि रोग विशेषज्ञ की उपलब्धता विशेष रूप से इसलिए महत्वपूर्ण है क्योंकि हड्डी से संबंधित कई मामलों में सामान्य चिकित्सकीय परामर्श के बजाय विशेषज्ञ जांच और उपचार की आवश्यकता होती है,सड़क दुर्घटनाओं, फ्रैक्चर, जोड़ संबंधी समस्याओं, हड्डियों में दर्द, चोट तथा अन्य ऑर्थोपेडिक समस्याओं के मरीजों को अक्सर विशेषज्ञ परामर्श के लिए रेफर किया जाता है,ऐसे मामलों में मरीज और उनके परिजनों को अतिरिक्त खर्च और समय के साथ दूसरे शहरों की यात्रा करनी पड़ती है। कई बार आर्थिक रूप से कमजोर परिवारों के लिए यह अतिरिक्त खर्च बड़ी परेशानी बन जाता है,अब जिला अस्पताल में अस्थि रोग विशेषज्ञ की नियुक्ति होने से ऐसे मरीजों को स्थानीय स्तर पर विशेषज्ञ चिकित्सकीय सलाह और उपचार की सुविधा मिलने की उम्मीद है।
दुर्घटना और फ्रैक्चर के मरीजों को होगा सीधा लाभ-सूरजपुर जिले और आसपास के क्षेत्रों में सड़क मार्गों से लगातार आवागमन होता है। दुर्घटनाओं के मामलों में फ्रैक्चर और अन्य हड्डी संबंधी चोटें आमतौर पर सामने आती हैं, ऐसे मरीजों के उपचार में समय महत्वपूर्ण होता है,विशेषज्ञ चिकित्सक की उपलब्धता से जिला अस्पताल में पहुंचने वाले मरीजों की प्रारंभिक जांच,उपचार की दिशा तय करने और आवश्यकता के अनुसार आगे की चिकित्सा प्रक्रिया निर्धारित करने में सुविधा होगी, इसके अलावा बुजुर्गों में हड्डियों से जुड़ी समस्याएं, जोड़ दर्द,चोट के बाद होने वाली जटिलताएं और लंबे समय से चली आ रही ऑर्थोपेडिक समस्याओं के मरीज भी विशेषज्ञ परामर्श का लाभ उठा सकेंगे।
सरकारी अस्पताल पर बढ़ेगा भरोसा-जिला अस्पताल में विशेषज्ञ चिकित्सक की नियुक्ति का एक महत्वपूर्ण पहलू यह भी है कि इससे सरकारी स्वास्थ्य व्यवस्था पर लोगों का भरोसा मजबूत हो सकता है,अक्सर विशेषज्ञ सेवाओं की कमी के कारण मरीजों को निजी अस्पतालों या दूसरे जिलों के अस्पतालों में जाना पड़ता है, यदि जिला अस्पताल में विशेषज्ञ सेवाएं नियमित और प्रभावी रूप से उपलब्ध रहती हैं तो स्थानीय मरीजों को कम खर्च में उपचार मिलने की संभावना बढ़ेगी,साथ ही जिला अस्पताल पर आने वाले मरीजों को बेहतर चिकित्सा विकल्प भी उपलब्ध होंगे। विशेषज्ञ चिकित्सक की नियुक्ति निश्चित रूप से महत्वपूर्ण उपलब्धि है,लेकिन इसका वास्तविक लाभ तभी मरीजों तक पहुंचेगा जब विशेषज्ञ सेवाएं नियमित रूप से उपलब्ध हों।
और आवश्यक जांच एवं उपचार की सुविधाएं भी पर्याप्त हों, ऑर्थोपेडिक सेवाओं के बेहतर संचालन के लिए विशेषज्ञ चिकित्सक के साथ आवश्यक उपकरण, एक्स-रे एवं अन्य जांच सुविधाओं, दवाओं तथा आवश्यकता पड़ने पर सर्जिकल व्यवस्थाओं का समन्वय भी महत्वपूर्ण होगा, मरीजों की सुविधा के लिए अस्पताल प्रबंधन को विशेषज्ञ की ओपीडी, उपलब्धता और उपचार प्रक्रिया की जानकारी भी स्पष्ट रूप से प्रदर्शित करनी होगी, ताकि ग्रामीण क्षेत्रों से आने वाले मरीजों को अनावश्यक रूप से अस्पताल के चक्कर न लगाने पड़ें।
स्थानीय मरीजों को मिलेगी राहत-
डॉ. प्रसन्न मोहन त्रिपाठी की पदस्थापना से सूरजपुर जिला अस्पताल में ऑर्थोपेडिक चिकित्सा सेवाओं को मजबूती मिलने की उम्मीद है, खासकर ऐसे मरीज जो आर्थिक कारणों से निजी अस्पतालों में विशेषज्ञ उपचार नहीं करा पाते, उनके लिए सरकारी अस्पताल में विशेषज्ञ चिकित्सक की उपलब्धता राहतकारी साबित हो सकती है, अब चुनौती यह होगी कि नियुक्त विशेषज्ञ की सेवाओं का अधिकतम लाभ आम मरीजों तक पहुंचे और अस्पताल में उपलब्ध अन्य संसाधनों के साथ उनका बेहतर समन्वय किया जाए, जिला अस्पताल में अस्थि रोग विशेषज्ञ की नियुक्ति को स्वास्थ्य सेवाओं के विस्तार की दिशा में सकारात्मक कदम माना जा रहा है, यदि विशेषज्ञ सेवाएं नियमित रूप से संचालित होती हैं और आवश्यक संसाधन उपलब्ध कराए जाते हैं, तो सूरजपुर और आसपास के क्षेत्र के मरीजों को हड्डी एवं जोड़ संबंधी उपचार के लिए बाहर जाने की जरूरत काफी हद तक कम हो सकती है।
घटती-घटना – Ghatati-Ghatna – Online Hindi News Ambikapur घटती-घटना – Ghatati-Ghatna – Online Hindi News Ambikapur