रायपुर,04 सितंबर 2026। रायपुर में सीवेज, नालियों और गंदे पानी की समस्या दूर करने के लिए बड़े प्रोजेक्ट की उम्मीद जगी है। 16वें वित्त आयोग ने रायपुर को देश के 22 शहरों में शामिल किया है, जिन्हें वेस्टवॉटर मैनेजमेंट के लिए स्पेशल इंफ्रास्ट्रक्चर फंड मिलेगा। रायपुर में अधिकतम 3500 करोड़ रुपए तक का प्रोजेक्ट तैयार किया जा सकता है। इसमें 60′ यानी 2100 करोड़ रुपए केंद्र सरकार दे सकती है। बाकी 40′ यानी 1400 करोड़ रुपए राज्य सरकार और नगर निगम को मिलकर लगाने होंगे। ध्यान रखने वाली बात यह है कि अभी रायपुर को 3500 करोड़ रुपए मंजूर नहीं हुए हैं। यह सिर्फ प्रोजेक्ट की अधिकतम सीमा है। कितनी राशि मिलेगी, यह डीपीआर और प्रोजेक्ट की मंजूरी के बाद तय होगा। इस फंड का इस्तेमाल सामान्य विकास कार्यों में नहीं किया जाएगा। इसका मुख्य फोकस गंदे पानी की निकासी और ट्रीटमेंट पर रहेगा। रायपुर में इससे सीवेज लाइन का नेटवर्क बढ़ाने, गंदे पानी के ट्रीटमेंट प्लांट, ड्रेनेज सिस्टम सुधारने और बारिश के पानी की निकासी से जुड़े काम किए जा सकते हैं। यानी अलग-अलग जगह छोटे काम करने के बजाय पूरे शहर का वेस्टवॉटर सिस्टम बेहतर करने की योजना बनाई जा सकेगी। 16वें वित्त आयोग की गाइडलाइन में आबादी के आधार पर शहरों को इस योजना में शामिल किया गया है। रायपुर को भी पात्र शहरों की सूची में रखा गया है। 15 लाख से कम आबादी वाले पात्र शहरों के लिए 3500 करोड़ रुपए तक के प्रोजेक्ट की सीमा तय की गई है। इसी आधार पर रायपुर के लिए भी अधिकतम सीमा 3500 करोड़ रुपए है। 2026-27 से 2030-31 तक 16वें वित्त आयोग ने देश के शहरी निकायों के लिए कुल 3.56 लाख करोड़ के अनुदान की सिफारिश की है।
घटती-घटना – Ghatati-Ghatna – Online Hindi News Ambikapur घटती-घटना – Ghatati-Ghatna – Online Hindi News Ambikapur