Breaking News

नई दिल्ली@जामा मस्जिद मेट्रो स्टेशन में पकड़ा संदिग्ध

Share


अंडरगार्मेंट में मिला 155 ग्राम सोने जैसा पाउडर,जवान ने दबोचा


नई दिल्ली,19 अक्टूबर 2026। पुरानी दिल्ली के जामा मस्जिद मेट्रो स्टेशन पर सीआईएसएफ के जवानों ने जांच के दौरान एक युवक के बैग से करीब 155 ग्राम सोने जैसा पाउडर बरामद किया। पाउडर को बैग में रखे एक अंडरगारमेंट के अंदर छिपाकर रखा गया था। पकड़े गए युवक की पहचान मोहम्मद शोएब के रूप में हुई है। वह मूल रूप से उत्तर प्रदेश के मुजफ्फरनगर का रहने वाला है और उसने मलेशिया के कुआलालंपुर में भी अपना पता बताया है। पुलिस के मुताबिक, जांच में बरामद पाउडर के नशीला पदार्थ होने की पुष्टि नहीं हुई। हालांकि,युवक इसके मालिकाना हक से जुड़े दस्तावेज नहीं दिखा सका,जिसके बाद उसके खिलाफ कानूनी कार्रवाई की गई। पुलिस के अनुसार,17 अक्टूबर को गश्त के दौरान जामा मस्जिद मेट्रो स्टेशन के स्टेशन कंट्रोलर से एक व्यक्ति को सीआईएसएफ द्वारा पकड़े जाने की सूचना मिली। मौके पर पहुंचे एएसआई मसूम रजा को सीआईएसएफ जवानों ने युवक को सौंपा। जवानों ने बताया कि बैग की जांच और तलाशी के दौरान संदिग्ध पदार्थ नजर आया था। जांच करने पर अंडरगारमेंट में छिपाकर रखा करीब 155 ग्राम पाउडर मिला।
मलेशिया में कपड़ा क्षेत्र में काम करने का दावा
पूछताछ में शोएब ने बताया कि वह मलेशिया में रहता है और कपड़ा क्षेत्र में काम करता है। उसकी पत्नी और दो बच्चे भी मलेशिया के नागरिक हैं। उसके मुताबिक, वह 16 अक्टूबर को दिल्ली आया था और जामा मस्जिद इलाके के वासिर नाम के होटल में ठहरा था। घटना वाले दिन वह जामा मस्जिद मेट्रो स्टेशन से लाजपत नगर जाने के लिए पहुंचा था, जहां तलाशी के दौरान पकड़ा गया।
नशीला पदार्थ नहीं, दस्तावेज भी नहीं मिले
पुलिस ने मामले की जानकारी कस्टम विभाग को दी, लेकिन विभाग ने इसे अपने अधिकार क्षेत्र में नहीं माना। इसके बाद संबंधित नारकोटिक्स विभाग से पदार्थ की जांच कराई गई। जांच में पुष्टि हुई कि बरामद पाउडर कोई मादक पदार्थ नहीं है। पुलिस के मुताबिक, शोएब बरामद पदार्थ के मालिकाना हक का कोई दस्तावेज नहीं दे सका और न ही उसे रखने का संतोषजनक कारण बता पाया। इसके बाद सुप्रीम कोर्ट मेट्रो थाने में दिल्ली पुलिस अधिनियम के तहत उसके खिलाफ कानूनी कार्रवाई की गई।


Share

Check Also

मनेंद्रगढ़-चिरमिरी-भरतपुर@राष्ट्रपति भवन पहुंचा छत्तीसगढ़ के ‘राष्ट्रपति’ का मामला

Share कहा…मुझे भी मेरा नाम अटपटा लगता है,संवैधानिक पदों से जुड़े नामों पर कानून की …

Leave a Reply