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अंबिकापुर@सरगुजा संभाग में बारिश का कहर

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मैनपाट में बाढ़,पुल बहा,दो लापता,फसलें तबाह

अंबिकापुर,25 जुलाई 2025 (घटती-घटना)। बंगाल की खाड़ी में बने निम्न दबाव के सिस्टम का प्रभाव सरगुजा संभाग में भी तीव्रता से देखने को मिल रहा है। गुरुवार की रात से शुरू हुई तेज बारिश ने मैनपाट,अंबिकापुर,उदयपुर और आसपास के क्षेत्रों में भारी तबाही मचाई। मैनपाट जैसे पहाड़ी और संवेदनशील क्षेत्र में महज दो घंटे की मूसलधार बारिश से बाढ़ जैसे हालात बन गए। मछली नदी उफान पर आ गई,जिससे अंबिकापुर-दरिमा-मैनपाट मार्ग पर स्थित नवानगर पुलिया बहाव में क्षतिग्रस्त हो गई। गुरुवार की रात करीब 12.30 बजे दरिमा थाना क्षेत्र के कर्रा निवासी दीपक कुर्रे अपनी बाइक से पुल पार करने की कोशिश कर रहा था,तभी वह पानी के बहाव में बह गया। संयोगवश दीपक ने करीब 100 मीटर तक तैरकर अपनी जान बचा ली,लेकिन उसकी बाइक पुल के नीचे बह गई, जो सुबह बरामद हुई। दीपक ने बताया कि उसके आगे दो और बाइक सवार थे, जो संभवतः पानी के तेज बहाव में बह गए। अभी तक उनका कोई सुराग नहीं मिल पाया है। प्रशासन और पुलिस द्वारा सर्च ऑपरेशन चलाया जा रहा है।
जनजीवन अस्त-व्यस्त प्रशासन अलर्ट
सरगुजा संभाग में हो रही भारी बारिश ने जनजीवन को पूरी तरह प्रभावित कर दिया है। मैनपाट,उदयपुर और अंबिकापुर जैसे इलाकों में कई घरों में पानी घुस गया है। स्कूलों और आंगनबाडिय़ों को एहतियातन बंद किया गया है। एसडीआरएफ और प्रशासन की टीमें संवेदनशील क्षेत्रों में तैनात की गई हैं।

घुनघुट्टा नदी उफान पर,डेम के खुले सभी गेट
घुनघुट्टा नदी भी तेज बारिश के बाद उफान पर आ गई है। जल स्तर बढऩे के कारण शुक्रवार को डेम के सभी 8 गेट खोल दिए गए। यह स्थिति लगभग 13 वर्षों बाद उत्पन्न हुई है,जब डेम के सभी गेट खोलने पड़े। इससे आसपास के निचले इलाकों में बाढ़ जैसी स्थिति बन गई है। नदी किनारे के गांवों को अलर्ट कर दिया गया है और लोगों से सुरक्षित स्थानों पर रहने की अपील की गई है। उदयपुर विकासखंड के ग्राम पंचायत साल्ही के आश्रित ग्राम हरिहरपुर में भी भारी तबाही की खबर है। गुरुवार की रात तेज बारिश के कारण गांव से बाहर जाने वाला एकमात्र मार्ग पूरी तरह टूट गया। बैगापारा-हरिहरपुर मार्ग पर स्थित करीब 35 साल पुराना पुल तेज बहाव में बह गया है,जिससे गांव का संपर्क पूरी तरह कट गया है। साथ ही बारिश से दर्जनों किसानों की फसलें भी पूरी तरह बर्बाद हो गई हैं। खेतों में पानी भर जाने से धान, मक्का व सçजयों की फसलें नष्ट हो गई हैं।
नवानगर पुलिया पर
पानी,आवागमन बाधित

बारिश के कारण मछली नदी का जल स्तर अचानक बढ़ गया और नवानगर की पुलिया पर पानी बहने लगा। इससे अंबिकापुर से मैनपाट को जोडऩे वाला प्रमुख मार्ग पूरी तरह बंद हो गया। शुक्रवार दोपहर तक पुलिया पर मरम्मत कार्य चलता रहा। पीडल्यूडी विभाग ने युद्धस्तर पर काम कर दोपहर के बाद मार्ग को आंशिक रूप से चालू किया। लेकिन सडक किनारे की मिट्टी बह जाने और पुलिया की स्थिति कमजोर होने के कारण आवागमन में अभी भी जोखिम बना हुआ है। मैनपाट के उल्टापानी मार्ग पर स्थित एक अन्य पुलिया भी भारी बारिश में क्षतिग्रस्त हो गई है। पुलिया के दोनों ओर की मिट्टी बह गई है, जिससे मार्ग अवरुद्ध हो गया है। बारिश से कई कच्चे मकान भी ढह गए हैं, विशेषकर रोपाखार और सपदानदर गांवों में। प्रशासन द्वारा नुकसान का आंकलन किया जा रहा है।
कृषि को बड़ा नुकसान किसान चिंतित
भारी बारिश से सरगुजा संभाग के किसानों को भारी नुकसान उठाना पड़ा है। खेतों में खड़ी धान और अन्य फसलें पानी में डूब गई हैं। कई किसानों ने बताया कि वे बोआई पूरी कर चुके थे, लेकिन बारिश से पूरी फसल बह गई या सड़ गई है। प्रशासन द्वारा खेतों के सर्वे की प्रक्रिया शुरू की गई है। किसान मुआवजे की मांग कर रहे हैं।


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