Breaking News

हरिद्वार@गायत्री मंत्र जन-जन की चेतना और राष्ट्र परिवर्तन की शक्ति : अमित शाह

Share

हरिद्वार,22 जनवरी 2026। केन्द्रीय गृह एवं सहकारिता मंत्री अमित शाह ने कहा कि पंडित श्रीराम शर्मा आचार्य ने सम्पूर्ण मानवता को व्यक्ति निर्माण का मार्ग दिखाया,जो सर्वजन कल्याण के लिए है। भारतवर्ष पंडित श्रीराम शर्मा आचार्य के उपकारों से कभी ऋणमुक्त नहीं हो सकता। हम बदलेंगे,युग बदलेगा का सूत्र ही राष्ट्र परिवर्तन की कुंजी है। केन्द्रीय गृहमंत्री शाह यहां शांतिकुंज,हरिद्वार अखिल विश्व गायत्री परिवार की ओर से आयोजित शताब्दी समारोह को संबोधित कर रहे थे। उन्होंने कहा कि देवभूमि उत्तराखंड की पावन भूमि पर विशेषकर सप्तर्षि भूमि शांतिकुंज में आकर हजारों वर्षों की तपस्या की ऊर्जा का अनुभव होता है। उन्होंने कहा कि भारतवर्ष पंडित श्रीराम शर्मा आचार्य के उपकारों से कभी ऋणमुक्त नहीं हो सकता। आचार्यश्री ने गायत्री महामंत्र को जन-जन तक सर्वसुलभ बनाया, वैश्विक मानवतावाद की अवधारणा को सुदृढ़ किया और वैज्ञानिक अध्यात्मवाद को स्पष्ट रूप से प्रस्तुत किया। केंद्रीय मंत्री शाह ने कहा कि हम बदलेंगे, युग बदलेगा का सूत्र ही राष्ट्र परिवर्तन की कुंजी है। गायत्री महामंत्र केवल संस्कृत का मंत्र नहीं,बल्कि जप करने वाले साधक के भीतर सकारात्मक ऊर्जा का संचार करने वाला जीवन मंत्र है। उन्होंने कहा कि जो भारत और उसकी संस्कृति को समझता है, वह जानता है कि विश्व की समस्त समस्याओं का समाधान भारतीय संस्कृति में निहित है। समारोह में मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि पं. श्रीराम शर्मा आचार्य के रोपित अखिल विश्व गायत्री परिवार रूपी बीज आज एक विशाल वटवृक्ष का स्वरूप धारण कर चुका है, जो विश्वभर के असंख्य लोगों को ज्ञान,संस्कार और सद्भाव की छाया प्रदान कर रहा है। मुख्यमंत्री ने कहा कि आज गायत्री परिवार केवल एक धार्मिक संस्था नहीं रहा,बल्कि यह सामाजिक,नैतिक एवं आध्यात्मिक नवजागरण का एक व्यापक जनआंदोलन बन चुका है, जो भारत की आध्यात्मिक चेतना को देश की सीमाओं से बाहर ले जाकर विश्व के कोने-कोने तक पहुँचा रहा है। शताब्दी समारोह के दलनायक डॉ चिन्मय पण्ड्या ने कहा कि यह आयोजन हम सभी के सौभाग्य का दिन है,जो माता भगवती देवी के अवतरण के शताब्दी वर्ष से जुड़ा हुआ एक ऐतिहासिक एवं आध्यात्मिक अवसर है।
डॉ. पण्ड्या ने कहा कि यह भूमि योगियों और साधकों की रही है, जहां से स्वाभिमान,साधना और तप की परंपरा ने राष्ट्र को दिशा दी है। डॉ. पण्ड्या ने राष्ट्र-निर्माण के इस यज्ञ में सभी से सक्रिय सहभागिता का आह्वान किया।


Share

Check Also

चंडीगढ़@धर्म की आड़ में सनातन को कमजोर कर रहे कालनेमि : योगी

Share चंडीगढ़,22 जनवरी २०२६। उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि कुछ कालनेमि …

Leave a Reply