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सूरजपुर@सूरजपुर में मां-बेटे की संदिग्ध मौत से सनसनी,सड़क किनारे मिला बेटे का शव तो बंद मकान में मृत मिली शिक्षिका मां

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  • पहले मिला छात्र बेटे का शव,फिर बंद मकान में मिली शिक्षिका मां की लाश,दो मौतों ने खड़े किए कई सवाल
  • महावीरपुर में छात्र का शव मिलने से खुला मामला,घर पहुंची पुलिस तो मृत मिली शिक्षिका मां
  • सड़क किनारे बेटे का शव, बंद मकान में मां की लाश-सूरजपुर में दो संदिग्ध मौतों से हड़कंप
  • एक ही परिवार की दो मौतें,दो अलग-अलग जगह शव,फॉरेंसिक टीम और डॉग स्क्वॉयड


-संवाददाता-
सूरजपुर,11 अक्टूबर 2026 (घटती-घटना)।
जिले के जयनगर थाना क्षेत्र में मां-बेटे की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत का मामला सामने आने से पूरे क्षेत्र में सनसनी फैल गई है, शनिवार,10 अक्टूबर को महावीरपुर के कालीघाट के पीछे सड़क किनारे मिट्टी में दबा एक युवक का शव मिला था,शुरुआत में मृतक की पहचान नहीं हो सकी,पुलिस ने घटनास्थल का निरीक्षण कर जांच शुरू की और शव की शिनाख्त कराने का प्रयास किया,बाद में मृतक की पहचान सुजल बरेठ उर्फ पिंकू के रूप में हुई,जो बिश्रामपुर के कार्मेल कॉन्वेंट स्कूल में कक्षा 12वीं का छात्र था। मामले ने उस समय और गंभीर रूप ले लिया,जब सुजल की पहचान होने के बाद पुलिस उसके घर पहुंची, केशवनगर की ममता कॉलोनी स्थित किराए के मकान में बाहर से ताला लगा हुआ था,ताला खुलवाकर अंदर जांच करने पर उसकी मां रजनी बरेठ का शव मिला,रजनी सरकारी शिक्षिका थीं और सूरजपुर जिले के बेलटिकरी स्कूल में पदस्थ थीं,इस तरह एक ही परिवार के दो लोगों के शव अलग-अलग स्थानों पर मिलने से पुलिस के सामने कई सवाल खड़े हो गए हैं, पुलिस दोनों की मौत के बीच संबंध,घटनाक्रम और संभावित कारणों की जांच कर रही है। घटनास्थल और किराए के मकान से साक्ष्य जुटाने के लिए फॉरेंसिक टीम तथा डॉग स्क्वॉयड की मदद ली जा रही है,फिलहाल मौत के वास्तविक कारणों,घटना के पीछे की वजह और किसी संभावित आरोपी के संबंध में आधिकारिक निष्कर्ष सामने नहीं आया है।
महावीरपुर के कालीघाट के पास मिला था युवक का शव-जानकारी के अनुसार,शनिवार सुबह महावीरपुर के कालीघाट के पीछे सड़क किनारे मिट्टी में दबे युवक के पैर दिखाई देने पर ग्रामीणों को संदेह हुआ,इसकी सूचना पुलिस को दी गई। जयनगर थाना पुलिस मौके पर पहुंची और घटनास्थल का निरीक्षण किया, प्रारंभिक जांच में युवक के शरीर पर चोट के निशान मिलने की बात सामने आई, जिसके बाद मामला संदिग्ध माना गया,शव की पहचान नहीं होने के कारण पुलिस ने मृतक की शिनाख्त कराने के प्रयास शुरू किए,इसी बीच सुजल के परिजन और परिचित उससे संपर्क नहीं हो पाने के कारण चिंतित थे,मीडिया रिपोर्टों के अनुसार,सुजल और उसकी मां रजनी के मोबाइल फोन भी बंद आ रहे थे,रजनी की स्कूल में अनुपस्थिति को लेकर उनकी सहकर्मियों ने भी जानकारी जुटाने का प्रयास किया था।
शव की तस्वीर देखकर परिजनों ने की सुजल की पहचान-रजनी बरेठ के मायके पक्ष के परिजन दोनों से संपर्क नहीं होने के कारण परेशान थे,शनिवार देर शाम रजनी के भाई और मां बिश्रामपुर पहुंचे,वे मां-बेटे की गुमशुदगी की सूचना देने के लिए जयनगर थाना पहुंचे,इसी दौरान पुलिस ने महावीरपुर के पास मिले युवक के शव की तस्वीर दिखाई,परिजनों ने तस्वीर देखकर मृतक की पहचान सुजल बरेठ उर्फ पिंकू के रूप में की,पहचान होने के बाद पुलिस के सामने यह पता लगाने की जरूरत और बढ़ गई कि सुजल की मौत किन परिस्थितियों में हुई और उसकी मां कहां हैं, इसके बाद पुलिस परिजनों को साथ लेकर केशवनगर स्थित ममता कॉलोनी के किराए के मकान पहुंची, वहां बाहर से ताला लगा हुआ था, मकान बंद होने और मां का कोई पता नहीं चलने के कारण पुलिस ने ताला खुलवाकर अंदर जांच करने का निर्णय लिया।
बंद मकान का ताला खुला तो अंदर मिला शिक्षिका का शव-सुजल की पहचान होने के बाद पुलिस जब उसके घर पहुंची,तो मकान में बाहर से ताला लगा था,ताला खुलवाकर अंदर प्रवेश करने पर रजनी बरेठ का शव मिला,परिजनों ने शव की पहचान रजनी के रूप में की। उनके शरीर पर चोट के निशान होने की जानकारी भी सामने आई है, रात हो जाने के कारण पुलिस ने घटनास्थल को सुरक्षित कर दिया,रविवार सुबह वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों,फॉरेंसिक टीम और डॉग स्क्वॉयड की मौजूदगी में मकान की दोबारा जांच की गई, घर के अंदर शव मिलने और बेटे का शव दूसरे स्थान पर पाए जाने से मामला और गंभीर हो गया,अब पुलिस को यह पता लगाना है कि दोनों की मौत कब और किन परिस्थितियों में हुई, क्या दोनों घटनाएं एक ही समय के आसपास हुईं या उनके बीच कोई अंतर था? क्या सुजल की मौत के पीछे कोई ऐसा घटनाक्रम है जिसका संबंध उसकी मां की मौत से हो सकता है? इन सवालों के जवाब जांच और पोस्टमार्टम रिपोर्ट के बाद ही स्पष्ट हो सकेंगे।
शिक्षिका थीं रजनी बरेठ,कक्षा 12वीं में पढ़ता था सुजल-रजनी बरेठ मूल रूप से बाराद्वार क्षेत्र की रहने वाली बताई गई हैं,वे सूरजपुर जिले के बेलटिकरी स्थित शासकीय स्कूल में शिक्षिका के रूप में पदस्थ थीं। उनका बेटा सुजल बिश्रामपुर के कार्मेल कॉन्वेंट स्कूल में कक्षा 12वीं का छात्र था,दोनों केशवनगर की ममता कॉलोनी में किराए के मकान में रहते थे, मां-बेटे की संदिग्ध मौत से परिवार और परिचितों के सामने अचानक गंभीर स्थिति पैदा हो गई,एक ओर छात्र का शव घर से दूर मिला, वहीं दूसरी ओर उसकी मां का शव बंद मकान के भीतर पाया गया,दोनों स्थानों की परिस्थितियां अलग होने के कारण पुलिस को प्रत्येक घटनास्थल के साक्ष्यों का अलग-अलग परीक्षण करने के साथ उनके बीच संभावित संबंध भी तलाशना होगा।
फॉरेंसिक टीम और डॉग स्क्वॉयड ने संभाली जांच-मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने फॉरेंसिक टीम और डॉग स्क्वॉयड की सहायता ली,जांच दल ने घटनास्थलों का निरीक्षण कर भौतिक साक्ष्य जुटाने की कार्रवाई की। पुलिस दोनों की मौत के संभावित समय, घटनास्थल तक पहुंचने के रास्तों और घटना से जुड़े अन्य सुरागों की जांच कर रही है,कुछ लोगो के अनुसार दोनों के मोबाइल फोन बंद होने और युवक की स्कूटी मिलने की जानकारी भी सामने आई है,इन बिंदुओं की जांच में क्या भूमिका है, इस संबंध में अभी आधिकारिक निष्कर्ष सामने नहीं आया है,पुलिस की ओर से उपलब्ध साक्ष्यों और तकनीकी जानकारी के आधार पर ही इन पहलुओं की पुष्टि की जा सकेगी।
मंत्री और विधायक भी पहुंचे,जांच के निर्देश–घटना की जानकारी मिलने के बाद महिला एवं बाल विकास मंत्री लक्ष्मी राजवाड़े और प्रेमनगर विधायक भूलन सिंह मरावी के मौके पर पहुंचने की जानकारी दी गई,उन्होंने मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस से जांच कर दोषियों की पहचान करने और आवश्यक कार्रवाई करने को कहा,इस घटना को लेकर क्षेत्र में चिंता का माहौल है,हालांकि, जांच पूरी होने से पहले किसी व्यक्ति को आरोपी मानना या हत्या के पीछे किसी खास वजह का दावा करना उचित नहीं होगा, पुलिस को घटनास्थल से मिले साक्ष्यों,पोस्टमार्टम रिपोर्ट और अन्य जांच निष्कर्षों के आधार पर आगे की कार्रवाई करनी है।
अब इन सवालों के जवाब तलाश रही पुलिस
सुजल की मौत किन परिस्थितियों में हुई और उसका शव महावीरपुर के कालीघाट के पास कैसे पहुंचा?
रजनी बरेठ की मौत कब हुई और उनके किराए के मकान में बाहर से ताला किसने लगाया?
दोनों की मौत के बीच क्या संबंध है?
क्या घटनास्थलों से मिले साक्ष्य किसी एक घटनाक्रम की ओर संकेत करते हैं?
क्या मोबाइल फोन,आसपास के मार्गों के सीसीटीवी फुटेज और अन्य तकनीकी जानकारी से कोई महत्वपूर्ण सुराग मिल सकता है?

जांच और पोस्टमार्टम रिपोर्ट पर टिकी नजर
सूरजपुर में एक ही परिवार के मां-बेटे के शव अलग-अलग स्थानों पर मिलने की घटना ने कई सवाल खड़े कर दिए हैं। फिलहाल पुलिस दोनों की मौत के कारणों और संभावित संबंध की जांच कर रही है,फॉरेंसिक साक्ष्य, पोस्टमार्टम रिपोर्ट और अन्य जांच निष्कर्ष इस मामले में महत्वपूर्ण होंगे,फिलहाल मौत की परिस्थितियां संदिग्ध हैं और हत्या की आशंका की जांच जारी है, घटना के पीछे की वास्तविक वजह,घटनाक्रम और जिम्मेदार लोगों के संबंध में स्थिति पुलिस की जांच पूरी होने के बाद ही स्पष्ट हो सकेगी।


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