प्रेस मीडिया वेलफेयर एसोसिएशन के प्रदेश कानूनी अधिवक्ता सलाहकार जय प्रकाश शुक्ला ने दी बधाई
बतौली,28 फरवरी 2026 (घटती-घटना)। बतौली की होनहार बेटी लीजा पाल ने छत्तीसगढ़ लोक सेवा आयोग द्वारा आयोजित व्यवहार न्यायाधीश (कनिष्ठ श्रेणी) परीक्षा में सफलता प्राप्त कर क्षेत्र सहित पूरे जिले का नाम रोशन किया है। उनकी इस उल्लेखनीय उपलब्धि से बतौली नगर सहित आसपास के क्षेत्रों में हर्ष और गर्व का वातावरण है। व्यवहार न्यायाधीश (कनिष्ठ श्रेणी) के कुल 57 पदों हेतु परीक्षा आयोजित की गई थी। लिखित परीक्षा एवं साक्षात्कार में प्राप्त अंकों के आधार पर जारी अंतिम चयन सूची में लीजा पाल का चयन व्यवहार न्यायाधीश (कनिष्ठ श्रेणी) पद के लिए हुआ है। लीजा पाल की प्रारंभिक शिक्षा चाइल्ड एजुकेशन सेंटर, सीतापुर से प्रारंभ हुई। तीसरी से 12वीं की पढ़ाई उन्होंने अंबिकापुर के विभिन्न स्कूलों से पूरी की। उन्होंने रुंगटा कालेज,भिलाई से स्नातक की पढ़ाई पूरी की,जहां उन्होंने उत्कृष्ट प्रदर्शन करते हुए उच्च स्थान प्राप्त किया। इसके पश्चात उन्होंने कलिंगा यूनिवर्सिटी,रायपुर से एलएलबी की। एलएलबी अध्ययन के दौरान ही उन्होंने न्यायिक सेवा परीक्षा की तैयारी एवं कोचिंग निरंतर जारी रखी।
प्रेस मीडिया वेलफेयर एसोसिएशन ने दी बधाई…
लीजा के भाई अधिवक्ता मंजुल पाल प्रेस मीडिया वेलफेयर एसोसिएशन के जिला सरगुजा के कानूनी सलाहकार है और अधिवक्ता जय प्रकाश शुक्ला (उच्च न्यायालय बिलासपुर) के जूनियर भी है, लीजा पाल के व्यवहार न्यायाधीश की परीक्षा उत्तीर्ण करने पर प्रेस मीडिया वेलफेयर एसोसिएशन के प्रदेश कानूनी सलाहकार जय प्रकाश शुक्ला,जिला अध्यक्ष कोरिया समवर्त कुमार रूप एवं जिला कोरिया व एम सी बी के प्रभारी राजन पाण्डेय ने बधाई एवं शुभकामनाएं दी हैं।
पहले प्रयास में एक अंक से चूकी- 2024 में अपने प्रथम प्रयास में लीजा पाल साक्षात्कार चरण में मात्र एक अंक से चयन से वंचित रह गई थीं और प्रतीक्षा सूची में स्थान प्राप्त हुआ था, हालांकि उन्होंने हार नहीं मानी और निरंतर परिश्रम जारी रखा, दूसरे प्रयास में उन्होंने व्यवहार न्यायाधीश पद हासिल किया, बता दें कि लीजा पाल, बतौली की पूर्व जनपद उपाध्यक्ष राजकुमारी पाल एवं स्वास्थ्य विभाग में कार्यरत महेंद्र पाल शांति पारा, बतौली की पुत्री हैं। उनकी सफलता के पीछे माता-पिता का सहयोग, कठिन परिश्रम के साथ ही उनके दादाजी एचआर पाल का मार्गदर्शन प्रेरणा स्रोत रहा।
घटती-घटना – Ghatati-Ghatna – Online Hindi News Ambikapur घटती-घटना – Ghatati-Ghatna – Online Hindi News Ambikapur