हर महीने पहुंचता था मोटा कमीशन
रायपुर,06 जुलाई 2025 (ए)। राजधानी रायपुर के लालपुर स्थित कंपोजिट शराब दुकान में मिलावटी और बिना होलोग्राम वाली शराब बेचने का सनसनीखेज मामला सामने आया है। जिला आबकारी और फ्लाइंग स्म्ॉड की संयुक्त टीम ने छापेमारी के दौरान प्लेसमेंट एजेंसी के कर्मी शेखर बंजारे को गिरफ्तार किया है। जांच में खुलासा हुआ है कि इस फर्जीवाड़े में आबकारी अधिकारियों की मिलीभगत थी, और हर महीने मोटी रकम साहब को दी जाती थी।
आबकारी विभाग की कार्रवाई में पकड़े गए शेखर बंजारे ने पूछताछ में बताया कि यह पूरा खेल दुकान के इंचार्ज अधिकारियों के संज्ञान में था। 22 दिन पहले आबकारी टीम ने फर्जीवाड़े का खुलासा किया था, जब काउंटर में 12 लाख रुपये की कमी पाई गई। इसके बाद पुलिस में दो मामले दर्ज किए गए,जिनकी जांच जारी है। एक अन्य आरोपी, सागर सोनवानी,अभी फरार है, और उसकी तलाश में पुलिस टीमें सक्रिय हैं।
सीसीटीवी फुटेज गायब,सवालों के घेरे में आबकारी विभाग
जांच के दौरान दुकान में लगे सीसीटीवी फुटेज की डीवीआर राज्यस्तरीय उड़नदस्ता को नहीं मिली। सवाल उठ रहे हैं कि जिला आबकारी विभाग ने इसे अब तक अपने पास क्यों रखा? सूत्रों के अनुसार, तीन-चार महीनों से दुकान में फर्जीवाड़ा
चल रहा था। कर्मचारी सीसीटीवी कैमरे बंद कर बिना होलोग्राम वाली शराब बेचते थे और होलोग्राम वाली शराब में मिलावट करते थे। सस्ती शराब को महंगी बोतलों में भरकर बेचने की भी आशंका है।
प्लेसमेंट एजेंसी और मप्र से जुड़े तार
मामले की जांच में मध्य प्रदेश से कनेक्शन की बात भी सामने आई है। प्लेसमेंट एजेंसी के जिम्मेदार लोग भी संदेह के दायरे में हैं। शेखर बंजारे पर अपने भाई के दस्तावेजों के सहारे नौकरी हासिल करने का भी आरोप है। जांच से स्पष्ट है कि इतने
बड़े पैमाने पर गड़बड़ी केवल सुपरवाइजर और एजेंसी कर्मियों के स्तर पर संभव नहीं थी। इसीलिए मामला पुलिस को सौंपा गया है।
सहायक आबकारी आयुक्त का निलंबन
इस मामले में गंभीर लापरवाही के चलते सहायक जिला आबकारी अधिकारी आरएन तिवारी को पहले ही निलंबित किया जा चुका है। जांच में सामने आया है कि आबकारी अमले की मिलीभगत के बिना इतना बड़ा फर्जीवाड़ा संभव नहीं था। विभागीय जांच के साथ-साथ पुलिस भी इस मामले में गहन जांच कर रही है।
घटती-घटना – Ghatati-Ghatna – Online Hindi News Ambikapur घटती-घटना – Ghatati-Ghatna – Online Hindi News Ambikapur