क्या प्रशासन के लिए प्रेस क्लब नहीं प्रेस काउंसिल रखता है अहमियत?
कतिपय पत्रकार संगठन ने आमंत्रण पत्र छपवाकर शासकीय कार्यक्रम को किया हाईजैक।
बनना है पत्रकार भवन पर प्रेस काउंसिल अपने नाम से आमंत्रण छपवाकर अपनी उपलब्धि गिनाने की जुगत में, प्रेस क्लब के लोग हुए नाराज।
दो विधायक आमंत्रण पत्र में एक को कैसे भूल गए?
-रवि सिंह-
बैकुण्ठपुर 04 अक्टूबर 2022 (घटती-घटना)। छत्तीसगढ़ का कोरिया ही एक ऐसा जिला है जहां हर चीज में टांग अड़ाने की प्रथा है, सत्ताधारी में सत्ता के ही काम मे टांग अड़ा रहें हैं वहीं विपक्ष विपक्ष के ही कामो में टांग अड़ा रहा है और अब लोकतंत्र के चौथे स्तंभ में भी लोकतंत्र का चौथा स्तंभ ही टांग अड़ा रहा है और टांग अड़ाये भी तो क्यों ना अड़ाये जो हमारा है उनको कैसे मिले यह है वजह।
अब एक बार कोरिया जिले में प्रशासन व पत्रकारों के बीच जंग की स्थिति निर्मित हो गई है और उसकी वजह भी प्रशासन खुद है प्रशासन ने जहां पुराने प्रेस क्लब को अहमियत ना देकर नए बने प्रेस काउंसिल को अहमियत देते हुए उसकी पैरवी करना ही जरूरी समझ रखा है, जिससे कहीं ना कहीं मुख्यमंत्री के निर्देशों की भी अवहेलना हो रही है, मुख्यमंत्री भूपेश बघेल के निर्देश का ही कोरिया जिले में जिला प्रशासन द्वारा उल्लंघन कर रहा है। दरअसल जिले के पत्रकारों के मांग पर पत्रकार भवन की स्वीकृति दी गई है जिसके तहत 45 लाख रुपये की घोषणा मुख्यमंत्री एवं अन्य जनप्रतिनिधियों द्वारा राशि की स्वीकृति दी गई थी जिसपर प्रशासन द्वारा भूमि का चयन स्थानीय प्रेमाबाग में किया गया किंतु पत्रकार भवन के लिए भूमि चिन्हांकित होने के उपरांत इसका भूमि पूजन कार्यक्रम एक कतिपय पत्रकार संगठन द्वारा 5 अक्टूबर को किया जा रहा है तथा इसके लिए अतिथियों की सहमति लेकर बकायदा आमंत्रण पत्र भी छपवाया गया है जिसको लेकर जिले के कई पत्रकार संगठन इसके विरोध में आ गए हैं इस मुद्दे को लेकर पत्रकारों की एक आवश्यक बैठक सोमवार को आहूत की गई जिस पर इस मुद्दे को लेकर सभी ने इसका विरोध किया एवं निंदा प्रस्ताव पास किया गया साथ उक्त कार्यक्रम का बहिष्कार करने की बात कही है।
विदित हो कि कुछ पत्रकार संगठनों ने दिनांक 24 जून 2022 को इस बाबत लिखित आवेदन कलेक्टर को दिया गया था किंतु उन आवेदन पत्रों को लेकर भी कोई कार्यवाही प्रशासन द्वारा नही की गई जिसकी भी निंदा पत्रकार संगठनों ने की है। इसे देखते हुए उक्त भूमि पूजन कार्यक्रम के खटाई में पड़ने की आशंका भी है, तथा आमंत्रित अतिथियों में भी असमंजस की स्थिति बनी हुई है। अब क्या पत्रकार संघ एकसाथ इस आयोजन को बनाएंगे या यह आयोजन बिना जिले के समस्त पत्रकारों के उपस्थिति में सम्पन्न होगा यह देखने वाली बात होगी। वैसे बता दें कि नाराज पत्रकार समूह का यह कहना है कि पत्रकार भवन का निर्माण व उसके भूमिपूजन अवसर पर सभी पत्रकारों से राय मशविरा किया जाना जरूरी था जबकि अभी केवल कुछ गिने चुने पत्रकार ही इस आयोजन में खुद को श्रेय मिल सके इस जुगत के साथ लगे हुए हैं जबकि मुख्यमंत्री के निर्देशानुसार पत्रकार भवन समस्त पत्रकारों की सुविधा के लिए बन रहा है न कि गिने चुने कुछ पत्रकारों के लिए।
घटती-घटना – Ghatati-Ghatna – Online Hindi News Ambikapur घटती-घटना – Ghatati-Ghatna – Online Hindi News Ambikapur